बिलासपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट बार काउंसिल के पदाधिकारियों का 9 जनवरी 2026 को प्रस्तावित चुनाव स्थगित कर दिया गया है। यह फैसला Bar Council of India ने चुनाव प्रक्रिया में अनियमितताओं और भ्रष्ट आचरण के आरोपों को देखते हुए लिया है। चुनाव को लेकर करोड़ों रुपये के लेन-देन और महंगी कारों का लालच दिए जाने जैसी शिकायतों ने बार काउंसिल की साख पर सवाल खड़े कर दिए थे।
कार और नकदी बांटने के आरोप, निष्पक्षता पर सवाल
बार काउंसिल ऑफ इंडिया के अनुसार चुनाव में समर्थन हासिल करने के लिए कुछ सदस्यों पर चारपहिया वाहन और बड़ी मात्रा में नकद राशि बांटने के आरोप लगे हैं। इसके अलावा सदस्य पद जीतने के लिए भारी धनराशि खर्च करने और गैर-प्रैक्टिसिंग अधिवक्ताओं के चुनावी प्रक्रिया में शामिल होने की भी शिकायतें सामने आई हैं। काउंसिल का मानना है कि ऐसे आरोपों की अनदेखी से चुनाव की निष्पक्षता और संस्था की विश्वसनीयता को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है।
BCI चेयरमैन के आदेश पर बनी जांच समिति
BCI Chairman Manan Kumar Mishra ने 6 जनवरी 2026 को आदेश जारी कर इस पूरे मामले की जांच के निर्देश दिए हैं। आदेश के तहत एक उच्चस्तरीय जांच समिति गठित की गई है, जिसकी अध्यक्षता हाईकोर्ट के एक रिटायर्ड जज करेंगे। समिति में दो वरिष्ठ अधिवक्ता भी सदस्य होंगे।
10 दिनों में रिपोर्ट देगी कमेटी
जांच समिति को निर्देश दिए गए हैं कि वह पूरे मामले की जांच कर 10 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट बार काउंसिल ऑफ इंडिया को सौंपे। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई और चुनाव की नई तारीख तय की जाएगी।
9 जनवरी को होना था मतदान, अब नई तारीख का इंतजार
छत्तीसगढ़ स्टेट बार काउंसिल के पदाधिकारियों का चुनाव 9 जनवरी 2026 को निर्धारित था। लेकिन बीसीआई के आदेश के बाद चुनाव प्रक्रिया पर रोक लगा दी गई है। अब जांच रिपोर्ट आने के बाद ही चुनाव की नई तारीख घोषित की जाएगी।













