भारत मंडपम में मुख्यमंत्री ने कहा- बस्तर में शांति, विकास और आत्मविश्वास का नया दौर शुरू हुआ
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर भारत मंडपम में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस अवधि को देश के जनजातीय समाज के सम्मान, सशक्तिकरण और विकास का “स्वर्णिम काल” बताया। उन्होंने प्रधानमंत्री को बधाई देते हुए कहा कि पिछले 12 वर्षों में आदिवासी समुदाय को नई पहचान, सम्मान और विकास के अवसर मिले हैं।
मुख्यमंत्री साय ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और प्रभावी रणनीतियों के कारण छत्तीसगढ़ को दशकों पुरानी नक्सल समस्या से निर्णायक मुक्ति मिलने की दिशा में बड़ी सफलता हासिल हुई है। उन्होंने कहा कि नक्सली हिंसा का सबसे अधिक दुष्प्रभाव जनजातीय समाज ने झेला था, लेकिन अब वही क्षेत्र शांति, सुरक्षा और विकास के नए युग में प्रवेश कर रहा है।
बस्तर में विकास योजनाओं का विस्तार
मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर क्षेत्र में ‘नियद नेल्ला नार’ और ‘बस्तर मुन्ने’ जैसी पहलों के माध्यम से योजनाओं का संतृप्तिकरण किया जा रहा है। वहीं सुरक्षा शिविरों को सेवा केंद्रों के रूप में विकसित कर लोगों तक शासन की सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं।
उन्होंने कहा कि सड़क, रेल और सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क के विस्तार से बस्तर की वर्षों पुरानी संपर्क संबंधी समस्याओं का समाधान हो रहा है। इससे दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को भी विकास की मुख्यधारा से जुड़ने का अवसर मिला है।
जनजातीय समाज को मिला नया सम्मान
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को ‘जनजातीय गौरव दिवस’ के रूप में मनाने से लेकर ‘धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान’ जैसी योजनाओं ने आदिवासी क्षेत्रों में विकास को नई गति दी है।
उन्होंने कहा कि देश की पहली जनजातीय महिला राष्ट्रपति के रूप में द्रौपदी मुर्मु का नेतृत्व करोड़ों आदिवासी लोगों के लिए सम्मान, आत्मगौरव और प्रेरणा का प्रतीक है।
दूरस्थ बस्तियों तक पहुंच रही मूलभूत सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘पीएम-जनमन योजना’ के माध्यम से विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (पीवीटीजी) की दूरस्थ बस्तियों तक पहली बार बिजली, सड़क, पेयजल और आवास जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंच रही हैं। इससे इन क्षेत्रों के लोगों के जीवन स्तर में सुधार आया है।
संस्कृति संरक्षण और युवा प्रतिभाओं को मंच
साय ने कहा कि राज्य सरकार जनजातीय संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए भी लगातार कार्य कर रही है। नया रायपुर में ट्राइबल म्यूजियम और शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय संग्रहालय का निर्माण कराया गया है।
उन्होंने बताया कि ‘बस्तर पंडुम’ और ‘बस्तर ओलंपिक’ जैसे आयोजनों ने देश-दुनिया के सामने हिंसा से मुक्त, मुस्कुराते और बदलते हुए बस्तर की नई तस्वीर प्रस्तुत की है।
किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती
मुख्यमंत्री ने कहा कि पेसा कानून के प्रभावी क्रियान्वयन, लघु वनोपज की रिकॉर्ड खरीदी, धान, दलहन और तिलहन के बेहतर दाम तथा ‘कृषक उन्नति योजना’ जैसी पहलें ग्रामीण और जनजातीय अर्थव्यवस्था को मजबूत कर रही हैं।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना और मुख्यमंत्री खाद्यान्न योजना के माध्यम से राज्य के 2.45 करोड़ जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है।
विकास यात्रा में भागीदार बना जनजातीय समाज
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनजातीय समाज को केवल योजनाओं का लाभार्थी नहीं बनाया, बल्कि देश के विकास का सक्रिय भागीदार बनाया है। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करती रहेगी।














