बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में पूर्व मुख्यमंत्री एवं एआईसीसी महासचिव भूपेश बघेल और राष्ट्रीय सचिव व भिलाई विधायक देवेंद्र यादव के आवासों और अन्य प्रतिष्ठानों पर सीबीआई की छापेमारी के विरोध में प्रदेशभर में कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। इसी क्रम में 27 मार्च को बिलासपुर में जिला कांग्रेस कमेटी (शहर/ग्रामीण) द्वारा नेहरू चौक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का पुतला दहन किया गया।

कांग्रेस का आक्रोश और नारेबाजी
दोपहर में कांग्रेस भवन में एकत्र हुए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “ईडी मुर्दाबाद”, “केंद्र सरकार होश में आओ”, “तानाशाही नहीं चलेगी” और “प्रजातंत्र बचाना है – भाजपा को भगाना है” जैसे  नारे लगाए। इसके बाद कार्यकर्ता नेहरू चौक पहुंचे, जहां पुलिस मुस्तैद थी। कांग्रेसजनों ने वहां पुतला दहन कर विरोध जताया।

भाजपा सरकार पर जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप
इस अवसर पर शहर कांग्रेस अध्यक्ष विजय पांडेय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपनी ही जांच एजेंसियों पर भरोसा नहीं है। पहले ईडी ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के घर छापा मारा, लेकिन कुछ नहीं मिला, तो अब सीबीआई को भेजा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार लगातार जांच एजेंसियों का दुरुपयोग कर विरोधियों को बदनाम करने की साजिश कर रही है।

पांडेय ने यह भी कहा कि पूर्व ईडी प्रमुख संजय मिश्रा को प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद में शामिल किया गया, जिससे साफ होता है कि भाजपा सरकार जांच एजेंसियों के माध्यम से दबाव बनाती है और बाद में सेवानिवृत्त अधिकारियों को उपकृत करती है।

महादेव सट्टा विवाद पर सवाल
विजय पांडेय ने महादेव सट्टा किंग को लेकर भी भाजपा सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के भाजपा नेताओं की सट्टा किंग के साथ तस्वीरें सार्वजनिक हो चुकी हैं, लेकिन उन पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही। भाजपा अगर वास्तव में सट्टा को बंद करना चाहती है, तो केंद्र और राज्य दोनों में सत्ता में होते हुए भी वह इसे रोकने में असफल क्यों है? उन्होंने कहा कि सट्टा किंग दुबई में शिव पुराण सुन रहा है और केंद्र सरकार दावा कर रही है कि उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।

छत्तीसगढ़ में सुपर सीएम का आरोप
पांडेय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में सरकार ‘सुपर मुख्यमंत्री’ के इशारे पर चल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य के तीन करोड़ छत्तीसगढ़ियों और पृथक छत्तीसगढ़ आंदोलन के सेनानियों का अपमान किया जा रहा है, क्योंकि राज्य के आधिकारिक गीत को नजरअंदाज कर प्रभारी नेताओं के सम्मान में अन्य गीत बजाए जा रहे हैं।

लोकतांत्रिक मर्यादाओं के उल्लंघन का आरोप
मस्तूरी विधायक दिलीप लहरिया ने कहा कि भाजपा सरकार लोकतांत्रिक मर्यादाओं को तार-तार कर रही है और अपने विरोधियों को डराकर शासन करना चाहती है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार नहीं चाहती कि विधानसभा में उसके भ्रष्टाचार पर सवाल उठाए जाएं। उन्होंने पूर्व मंत्री कवासी लखमा, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और विधायक देवेंद्र यादव पर हुई कार्रवाइयों का उदाहरण देते हुए कहा कि भाजपा सरकार जल, जंगल और जमीन को अपने उद्योगपति मित्रों को सौंपना चाहती है और किसी को सवाल उठाने की इजाजत नहीं देना चाहती।

सदन से सड़क तक संघर्ष करेंगे 
लहरिया ने कहा कि कांग्रेस ने आजादी की लड़ाई लड़ी थी और अब जनता के अधिकारों, विकास और सुशासन के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि भाजपा चाहे जितनी भी जांच एजेंसियां भेजे, कांग्रेस न झुकेगी और न ही हार मानेगी।

 बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस विरोध प्रदर्शन में शहर कांग्रेस अध्यक्ष विजय पांडेय, विधायक दिलीप लहरिया, पूर्व विधायक रश्मि आशीष सिंह, सियाराम कौशिक, पूर्व महापौर रामशरण यादव, प्रदेश संयुक्त महामंत्री देवेंद्र सिंह, पंकज सिंह, राजेंद्र शुक्ला, प्रमोद नायक, राजेंद्र साहू, रविंद्र सिंह, नरेंद्र बोलर, राकेश शर्मा, भुवनेश्वर यादव, ऋषि पांडेय, समीर अहमद, शेरू असलम, राजेंद्र धीवर, राजेश शुक्ला, जगदीश कौशिक, जयंत मनहर, जुगल गोयल, बिरझे राम सिंगरौल, शिवा मिश्रा समेत बड़ी संख्या में कांग्रेसजन उपस्थित रहे।

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here