महिलाओं की प्रतिभा को मिला मंच, गायन से लेकर रंगोली और वेस्ट आर्ट में दिखा उत्साह

बिलासपुर। एसईसीएल श्रद्धा महिला मंडल के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय ‘नारी राग-रंग महोत्सव 2026’ का शुभारंभ गुरुवार को एसईसीएल मुख्यालय, बिलासपुर में उत्साह और गरिमामय वातावरण के बीच हुआ। महिलाओं की प्रतिभा, रचनात्मकता और आत्मविश्वास को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित इस महोत्सव में बड़ी संख्या में महिला प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ श्रद्धा महिला मंडल की अध्यक्ष शशि दुहन तथा उपाध्यक्ष अनीता फ्रैंकलिन, इप्सिता दास, हसीना कुमार और शुभाश्री महापात्रा द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर श्रद्धा महिला मंडल की कार्यकारिणी सदस्य, एसईसीएल कर्मचारी और उनके परिजन भी उपस्थित रहे।

अपने संबोधन में शशि दुहन ने कहा कि नारी राग-रंग महोत्सव महिलाओं को अपनी प्रतिभा और सृजनात्मक क्षमता प्रदर्शित करने का सशक्त मंच प्रदान करता है। ऐसे आयोजन महिलाओं के आत्मविश्वास को बढ़ाने के साथ उन्हें नई प्रेरणा और नई संभावनाओं से भी परिचित कराते हैं।

कला और अभिव्यक्ति का अनूठा संगम

महोत्सव के पहले दिन गायन, एकल नृत्य, मोनो एक्टिंग, पेंटिंग, रंगोली, मेहंदी और ‘बेस्ट आउट ऑफ वेस्ट’ कला प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतिभागियों ने अपनी कला, मंचीय प्रस्तुति और कल्पनाशीलता से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया।

गायन और एकल नृत्य प्रतियोगिताओं में प्रतिभागियों ने प्रभावशाली प्रस्तुतियां दीं, जबकि मोनो एक्टिंग प्रतियोगिता में अभिनय और अभिव्यक्ति की उत्कृष्ट झलक देखने को मिली। पेंटिंग, रंगोली और मेहंदी प्रतियोगिताओं में महिलाओं ने अपनी रचनात्मक सोच और कलात्मक कौशल का आकर्षक प्रदर्शन किया।

कबाड़ से कला, पर्यावरण संरक्षण का संदेश

‘बेस्ट आउट ऑफ वेस्ट’ प्रतियोगिता विशेष आकर्षण का केंद्र रही। इसमें प्रतिभागियों ने अनुपयोगी और फेंकी जाने वाली वस्तुओं से उपयोगी एवं आकर्षक कलाकृतियां तैयार कर पर्यावरण संरक्षण और संसाधनों के पुनः उपयोग का संदेश दिया।

प्रतियोगिताओं के निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण मूल्यांकन के लिए संगीत, नृत्य और ललित कला क्षेत्र के विशेषज्ञों को निर्णायक के रूप में आमंत्रित किया गया था। कार्यक्रम के दौरान श्रद्धा महिला मंडल की अध्यक्ष और उपाध्यक्षों ने निर्णायकों का सम्मान भी किया।

दूसरे दिन होंगे समूह प्रतियोगिताओं के मुकाबले

महोत्सव का दूसरा और अंतिम दिन 13 जून को आयोजित होगा। इस दौरान समूह गायन, समूह नृत्य, स्टैंड-अप कॉमेडी, मिमिक्री तथा नाटक-स्किट प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। समापन समारोह में विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित कर पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।

यह महोत्सव महिलाओं की प्रतिभा, आत्मविश्वास और सृजनात्मक ऊर्जा को मंच देने के साथ-साथ सांस्कृतिक अभिव्यक्ति और सामाजिक सहभागिता को भी नई दिशा प्रदान कर रहा है।

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