बिलासपुर। डोंगरगढ़-कटघोरा नई रेल लाइन परियोजना को केंद्र सरकार से मंजूरी मिलने के बाद केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तथा बिलासपुर सांसद तोखन साहू का छत्तीसगढ़ आगमन पर विभिन्न स्थानों पर स्वागत किया गया। रायपुर से बिलासपुर तक आयोजित स्वागत कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, पार्टी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया।
स्वागत यात्रा की शुरुआत रायपुर एयरपोर्ट से हुई। इसके बाद काफिला सरगांव, बिलासपुर के राजीव गांधी चौक, नेहरू चौक और मुंगेली नाका होते हुए उनके कार्यालय पहुंचा। रास्ते में कई स्थानों पर स्वागत समारोह आयोजित किए गए, जहां जनप्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में नागरिकों ने उनका अभिनंदन किया।
बिलासपुर में कार्यक्रम के दौरान छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति की झलक भी देखने को मिली। ढोल-ताशों, नगाड़ों और आतिशबाजी के बीच पारंपरिक गेड़ी नृत्य और रामधुनी का आयोजन हुआ। इस दौरान तोखन साहू भी लोक कलाकारों के साथ गेड़ी नृत्य में शामिल हुए। स्थानीय लोगों ने उनका तुलादान भी किया, जिसमें उन्हें प्रतीकात्मक रूप से मोतीचूर के लड्डुओं से तोला गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए तोखन साहू ने स्वागत के लिए लोगों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि डोंगरगढ़-कटघोरा नई रेल लाइन की स्वीकृति छत्तीसगढ़ के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। सांसद बनने के बाद से इस परियोजना को मंजूरी दिलाना उनकी प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल था।
उन्होंने कहा कि रेल लाइन बनने से क्षेत्र में रेल संपर्क मजबूत होगा, जिससे व्यापार, उद्योग, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर विकसित होने की संभावना है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में यह परियोजना क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
साहू ने परियोजना को मंजूरी देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से छत्तीसगढ़ में आधारभूत ढांचे के विकास को गति मिल रही है।
कार्यक्रम के दौरान उन्होंने स्थानीय नागरिकों से मुलाकात की और लोक संस्कृति से जुड़े आयोजनों में भी भागीदारी की, जिससे उपस्थित लोगों में उत्साह का माहौल रहा।














