सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सीपत थाना और सेंट्रल जेल के रिकॉर्ड खंगाले, CCTV फुटेज भी जांच के दायरे में
बिलासपुर। सीपत में आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार किए गए श्रवण सूर्यवंशी की हिरासत में मौत के मामले में CBI ने जांच तेज कर दी है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद तीन सदस्यीय CBI टीम बिलासपुर पहुंची है। टीम ने सेंट्रल जेल और सीपत थाना जाकर दस्तावेजों, रिकॉर्ड और CCTV फुटेज की जांच की। मामले से जुड़े लोगों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।
इसी कड़ी में रविवार को CBI ने मृतक की मां लहरा बाई को इंदिरा विहार कॉलोनी स्थित बिलासपुर भवन बुलाया। न्यू तिलक नगर क्षेत्र में स्थित इस स्थान पर टीम ने उनसे मामले से जुड़ी घटनाओं का क्रम जाना और उनका बयान दर्ज किया। जांच में उनके बयान को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
गिरफ्तारी से मौत तक की घटनाओं को जोड़ रही CBI
श्रवण की हिरासत में मौत की गंभीरता को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने मामले की जांच CBI को सौंपने का निर्देश दिया था। इसके बाद CBI ने बिलासपुर पहुंचकर जांच शुरू की। टीम अलग-अलग स्तर पर दस्तावेज और अन्य साक्ष्य जुटा रही है। मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR भी दर्ज की गई है।
CBI अब श्रवण की गिरफ्तारी से लेकर उसकी मौत तक की पूरी घटनाक्रम को जोड़ने में जुटी है। इसके लिए पुलिस और जेल से संबंधित दस्तावेजों के साथ CCTV फुटेज की भी जांच की जा रही है।
जेल और थाने के रिकॉर्ड की पड़ताल
जांच टीम ने सेंट्रल जेल पहुंचकर संबंधित रिकॉर्ड और दस्तावेजों की जानकारी ली। इसके बाद सिपत थाना जाकर भी केस से जुड़े कागजातों की जांच की गई। CCTV फुटेज के जरिए यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि गिरफ्तारी के बाद श्रवण के साथ किन परिस्थितियों में क्या घटनाएं हुईं।
CBI अलग-अलग स्रोतों से मिले दस्तावेजों और बयानों का मिलान कर रही है, ताकि घटनाक्रम की कड़ियों को स्पष्ट किया जा सके।
13 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट में अगली सुनवाई
मृतक की मां लहरा बाई की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता राजीव दुबे ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद CBI ने बिलासपुर में जांच शुरू कर दी है। CBI को जांच पूरी कर संबंधित दस्तावेजों और रिपोर्ट को सुप्रीम कोर्ट में प्रस्तुत करना है।
मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर को निर्धारित है। इस सुनवाई में CBI जांच की प्रगति और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई को लेकर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।














