मां नर्मदा का जल लेकर निकले श्रद्धालु, करीब एक सप्ताह में भोरमदेव पहुंचकर भगवान महादेव को करेंगे जल अर्पित
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। पंडरिया विधायक भावना वोहरा के नेतृत्व में सोमवार को मध्यप्रदेश की सीमा पर स्थित अमरकंटक से 151 किलोमीटर लंबी कांवड़ यात्रा शुरू हुई। मां नर्मदा की पूजा और भगवान नर्मदेश्वर महादेव का आशीर्वाद लेने के बाद करीब 600 कांवड़िए पवित्र जल लेकर भोरमदेव धाम के लिए रवाना हुए। यात्रा का उद्देश्य भगवान महादेव को नर्मदा जल अर्पित करने के साथ छत्तीसगढ़ की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रार्थना करना है।
🔱 कांवड़ यात्रा प्रथम दिवस – अमरकंटक से भोरमदेव 🚩
पुण्यसलिला माँ नर्मदा की पावन धरा अमरकंटक से आज आस्था, संकल्प और शिवभक्ति से ओत-प्रोत 151 किलोमीटर की कांवड़ पदयात्रा का शुभारंभ हुआ।
इस पुण्य अवसर पर छत्तीसगढ़ की सुख-समृद्धि एवं सर्वमंगल की कामना के साथ माँ नर्मदा एवं… pic.twitter.com/ExX2T6tcwK
— Bhawna Bohra (@BhawnaBohrabjp) August 10, 2026
यात्रा की शुरुआत अमरकंटक में धार्मिक अनुष्ठानों के साथ हुई। कांवड़ियों ने मां नर्मदा और भगवान नर्मदेश्वर महादेव की पूजा-अर्चना की। इसके बाद सभी ने कांवड़ उठाकर भोरेमदेव धाम तक पैदल यात्रा का संकल्प लिया। अमरकंटक की पवित्र धरती पर ‘हर-हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयघोष गूंजते रहे।
यात्रा में बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला और बेमेतरा विधायक दीपेश साहू भी कांवड़ लेकर शामिल हुए हैं। बड़ी संख्या में समर्थक और श्रद्धालु भी यात्रा में साथ चल रहे हैं। यात्रा करीब एक सप्ताह में पूरी होने की संभावना है।
छत्तीसगढ़ की खुशहाली के लिए संकल्प
वोहरा ने कहा कि यह कांवड़ यात्रा उनके लिए केवल धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के कल्याण के लिए व्यक्तिगत संकल्प भी है। उन्होंने प्रदेश की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली के लिए भगवान शिव से प्रार्थना की।
उन्होंने कहा कि सनातन संस्कृति आस्था और अनुशासन के साथ प्रकृति एवं पर्यावरण के प्रति सम्मान का संदेश भी देती है। इसी भावना के साथ अमरकंटक से भोरेमदेव तक यह यात्रा निकाली जा रही है। यात्रा के समापन पर भोरेमदेव धाम में भगवान महादेव को मां नर्मदा का पवित्र जल अर्पित किया जाएगा।













